यूपी के इस शहर में 14000 करोड़ का प्लांट लगा रहे गौतम अडानी , आसमान पर प्रॉपर्टी के रेट
वेलस्पन ग्रुप की वेलस्पन एनर्जी यूपी प्राइवेट लिमिटेड मिर्जापुर में 1320 मेगावाट का सुपरक्रिटिकल कोयला बेस्ड पावर प्लांट स्थापित करने की योजना बना रही थी. हालांकि, 2019 मं कंपनी को अडानी इंफ्रा ने खरीद लिया

यूपी में अडानी पावर का प्लान : देश की सबसे बड़ी प्राइवेट थर्मल पावर प्रोड्यूसर कंपनी अडानी पावर यूपी के मिर्जापुर में 14000 करोड़ रुपये की लागत से पावर प्लांट लगा रही है. यह प्लांट कंपनी की थर्मल पावर प्रोड्यूसर क्षमता को 30 मेगावाट तक दोगुना करने की योजना के तहत लगाया जा रहा है. 1600 मेगावाट (2×800 मेगावाट) के ग्रीनफील्ड अल्ट्रा-सुपरक्रिटिकल थर्मल पावर प्लांट का निर्माण अडानी पावर की सब्सिडियरी कंपनी मिर्जापुर थर्मल एनर्जी (UP) प्राइवेट लिमिटेड की तरफ से किया जा रहा है.
एक मेगावाट पर 8-9 करोड़ रुपये का खर्च
अडानी पावर का प्लान इस प्रोजेक्ट पर करीब 14,000 करोड़ रुपये खर्च करने का है. दरअसल, एक ग्रीनफील्ड थर्मल पावर प्लांट शुरू करने की अनुमानित लागत 8-9 करोड़ रुपये प्रति मेगावाट है. इस मामले से जुड़े एक शख्स ने ईटी को बताया, अडानी पावर की योजना 2030 तक थर्मल पावर कैपिसिटी को मौजूदा 15.25 गीगावाट से दोगुना करके 30.67 गीगावाट करने की है. इसलिए कंपनी की तरफ से ग्रीनफील्ड एक्सटेंशन की योजना बनाई जा रही है. कंपनी अपने थर्मल पोर्टफोलियो का एक्सटेंशन 15.25 गीगावाट से 16.85 गीगावाट तक कर रही है.
जून में अडानी पावर ने किया एमटीईयूपीएल का अधिग्रहण
साल 2014 में वेलस्पन ग्रुप की वेलस्पन एनर्जी यूपी प्राइवेट लिमिटेड मिर्जापुर में 1320 मेगावाट का सुपरक्रिटिकल कोयला बेस्ड पावर प्लांट स्थापित करने की योजना बना रही थी. हालांकि, 2019 मं कंपनी को अडानी इंफ्रा ने खरीद लिया और इसका नाम बदलकर मिर्जापुर थर्मल एनर्जी (UP) प्राइवेट लिमिटेड (MTEUPL) कर दिया. अडानी पावर ने इस साल जून में अडानी इंफ्रा (इंडिया) लिमिटेड से एमटीईयूपीएल (MTEUPL) का अधिग्रहण किया.
3500 करोड़ में बीएचईएल को ठेका
अडानी पावर की तरफ से 14 जून को ही प्लांट इक्युपमेंट और संबंधित उपकरणों के निर्माण व आपूर्ति का ठेका 3500 करोड़ में भारत हेवी इलेक्ट्रिकल्स लिमिटेड (BHEL) को दिया गया है. बीएचईएल प्लांट के निर्माण और कमीशनिंग की देखरेख भी करेगी. अडानी पावर ने कहा, ‘एमटीईयूपीएल (MTEUPL) के पास उत्तर प्रदेश के मिर्जापुर जिले में बड़े पैमाने पर थर्मल पावर प्लांट स्थापित करने के लिए जमीन है. यह कंपनी को उत्पादन क्षमता और देश में भौगोलिक क्षेत्र का विस्तार करने का मौका प्रदान करेगी.’
कंपनी ने छत्तीसगढ़ के रायपुर में मौजूदा 1,370 मेगावाट प्लांट में 1600 मेगावाट (2X800 मेगावाट) की अल्ट्रा-सुपरक्रिटिकल थर्मल पावर विस्तार परियोजना का विकास भी शुरू कर दिया है. अडानी पावर ने एक प्रस्तुति में कहा, ‘सुपरक्रिटिकल, ऊर्जा कुशल थर्मल प्लांटों की क्षमता में वृद्धि जारी रहेगी, जिसमें 80 गीगावाट से अधिक की संशोधित क्षमता वृद्धि का अनुमान है.’ देश का लक्ष्य है कि साल 2030 तक उसकी कुल बिजली उत्पादन क्षमता का 50% (500 गीगावाट) रिन्यूएबल एनर्जी सोर्स से आए. इससे जीडीपी की उत्सर्जन तीव्रता में 45% की कमी आएगी.
प्रॉपर्टी की कीमत में आई तेजी
मिर्जापुर में अडानी पावर की तरफ से भारी-भरकम निवेश करने की खबर के बाद शहर में प्रॉपर्टी के रेट तेजी से ऊपर गए हैं. दरअसल, किसी क्षेत्र में विकास परियोजनाएं होने का असर वहां की प्रॉपर्टी की कीमत पर पड़ता है. अडानी पावर का प्लांट शुरू होने के बाद वहां पर भविष्य में तेजी से निवेश की संभावनाएं भी बढ़ेंगी. इसी को ध्यान में रखकर लोगों की तरफ से तेजी से निवेश किया जा रहा है.