बिल असंवैधानिक एवं मुस्लिम समुदाय के हितों के खिलाफ

नई दिल्ली: वक्फ संशोधन विधेयक विचार और पारित कराने के लिए आज लोकसभा में लाया जाएगा। इस दौरान हंगामा होने के पूरे आसार हैं क्योंकि विपक्षी दल इसका पुरजोर विरोध कर रहे हैं। केंद्रीय अल्पसंख्यक और संसदीय कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने कहा कि लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की अध्यक्षता में सदन की कार्य मंत्रणा समिति की बैठक में इस विधेयक पर 8 घंटे की चर्चा के लिए सहमति बनी जिसे सदन की भावना के अनुरूप और बढ़ाया जा सकता है। इन सभी कवायदों के बीच एक सवाल सबके मन में है कि आखिर इस बिल के समर्थन और विरोध में कितने सांसद हैं। आइए, आंकड़ों के माध्यम से इसे समझते हैं:

वक्फ बिल के सपोर्ट में कौन-कौन?
बता दें कि लोकसभा में 542 सदस्यों में NDA के 293 सांसद हैं और बीजेपी कई मौकों पर कुछ निर्दलीय सदस्यों का समर्थन हासिल करने में सफल रही है। आधिकारिक सूत्रों के मुताबिक, TDP, JDU और चिराग पासवान नीत लोक LJP (रामविलास) जैसे बीजेपी के बड़े सहयोगी दलों ने शुरू में विधेयक के कुछ पहलुओं पर आपत्ति जताई, लेकिन संसद की संयुक्त समिति द्वारा उनके कुछ सुझावों को अपनाये जाने के बाद वे विधेयक का समर्थन कर सकते हैं।

पार्टी लोकसभा सांसदों की संख्या
बीजेपी 240 टीडीपी 16 जेडीयू 12 शिवसेना 07 एलजेपी (आर) 05 जेडीएस 02 जनसेना 02 आरएलडी 02 अन्य 07
कुल आंकड़ा 293
इस तरह से देखा जाए तो वक्फ बिल के समर्थन में कुल 293 सांसद हैं जबकि बहुमत का आंकड़ा 272 है। टीडीपी समेत बीजेपी की सहयोगी पार्टियों ने बिल का समर्थन करने का मन बना लिया है, ऐसे में माना जा रहा है कि सरकार के पास जरूरी आंकड़े हैं।

वक्फ बिल के विरोध में कौन-कौन?
विपक्षी दल विधेयक का कड़ा विरोध कर रहे हैं और इसे असंवैधानिक एवं मुस्लिम समुदाय के हितों के खिलाफ बता रहे हैं। कुछ प्रमुख मुस्लिम संगठन विधेयक के खिलाफ एकजुट हैं।

पार्टी लोकसभा सांसदों की संख्या
कांग्रेस 99 समाजवादी पार्टी 37 टीएमसी 28 डीएमके 22 शिवसेना (यूबीटी) 09 लेफ्ट 08 एनसीपी (शरद पवार) 08 आरजेडी 04
आम आदमी पार्टी 03 जेएमएम 03 आईयूएमएल 03 नेशनल कॉन्फ्रेंस 02
अन्य 10 कुल 236
वहीं, बिल के विरोध में कुल मिलाकर 236 सांसद नजर आ रहे हैं। तृणमूल के कुल 29 सांसद थे लेकिन एक सांसद का निधन होने की वजह से यह संख्या 28 हो गई है। इसके अलावा वाईएसआर के 4 और 7 निर्दलीय सांसदों ने अभी तक इस बिल के समर्थन या विरोध को लेकर कोई फैसला नहीं किया है।

राज्यसभा में क्या हैं आंकड़े?
वहीं राज्यसभा की बात करें तो मौजूदा समय में सदन में कुल 236 सांसद हैं और बहुमत का आंकड़ा 119 पर आकर बैठता है। वक्फ बिल का समर्थन करने वालों में बीजेपी के 98 सांसद, सहयोगी दलों के 19 सांसद, 6 मनोनीत सदस्य और 2 निर्दलीय मिलकर आंकड़े को आराम से 125 सांसद तक पहुंचा देते हैं, जो बहुमत से 6 ज्यादा हैं। वहीं, बिल का विरोध करने वालों में कांग्रेस के 27 सांसद, अन्य दलों के 60 सांसद और निर्दलीय 1 मिलकर आंकड़े को 88 तक ही पहुंचा पाते हैं। वहीं, वाईएसआर के 7, बीजेडी के 9 और अन्य 9 सांसदों ने अपने पत्ते नहीं खोले हैं।

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